एक गैराज से शुरू हुआ सपना, आज 50 लाख किसानों की जिंदगी बदली

किसान का संघर्ष हमेशा से कहानी का हिस्सा रहा है। खेतों से लेकर बाज़ार तक, मेहनत और उम्मीद के सहारे वे अपनी ज़िंदगी संवारते आए हैं। लेकिन जैसे-जैसे श्रम की…

कारगिल विजय दिवस: राष्ट्रभक्ति की हिमाचली परंपरा

26 जुलाई केवल एक तारीख नहीं है, बल्कि यह भारत के अदम्य साहस, अद्वितीय पराक्रम और राष्ट्रभक्ति का वह स्वर्णिम अध्याय है, जिसने पूरी दुनिया को यह संदेश दिया कि…

क्या चीड़ की सूखी पत्तियां बन सकती हैं जलवायु समाधान? हिमाचल के हमीरपुर में शुरू हुआ स्वदेशी बायोचार संयंत्र

वनाग्नि की बड़ी वजह मानी जाने वाली चीड़ की पत्तियों को अब बायोचार में बदलने की पहल। दावा है कि इससे कार्बन का दीर्घकालिक भंडारण, मिट्टी की उर्वरता में सुधार…

बदलता मौसम, उजड़ते चरागाह: जलवायु परिवर्तन की मार झेल रहे हिमाचल के गद्दी और गुज्जर

लेखक- रमन कान्त हिमाचल प्रदेश के ऊंचे हिमालयी चरागाहों की ओर हर वर्ष होने वाला गद्दी और गुज्जर समुदायों का सदियों पुराना मौसमी प्रवास अब पहले जैसा नहीं रहा। जिन…

प्राकृतिक खेतीः गेहूं की सरकारी खरीद से किसान खुश

गेहूं के न्यूनतम समर्थन मूल्य 80 रुपये में खरीदी जा रही किसानों से गेहूं की फसल किसानों की आर्थिक समृद्धि के लिए हिमाचल सरकार की पहल के तहत प्राकृतिक खेती…

ग्राउंड रिपोर्ट: घेपन झील के साये में जीता सिस्सू, जानें वहाँ के लोग क्या सोचते हैं

By- रमन कान्त लाहौल-स्पीति। चंद्रा नदी के किनारे बसा सिस्सू, अटल टनल से निकलते ही लाहौल-स्पीति का पहला बड़ा पड़ाव है। कुछ साल पहले तक यह गांव मुख्यतः अपने शांत…